मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच सियासी टकराव तेज होता नजर आ रहा है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हरियाणा के करनाल में आयोजित भाजपा की पदयात्रा और जनसभा के दौरान कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए उन्हें खुली चुनौती दी। शाह ने कहा कि अगर राहुल गांधी को SIR के मुद्दे पर चर्चा करनी है तो उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर संसद का विशेष सत्र बुलाने की मांग करनी चाहिए। भाजपा इस विषय पर सदन में चर्चा करने के लिए पूरी तरह तैयार है।
अमित शाह ने अपने संबोधन में कहा कि मतदाता सूची को सही और त्रुटिरहित बनाए रखना चुनाव आयोग की संवैधानिक जिम्मेदारी है। विशेष गहन पुनरीक्षण इसी प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने विपक्ष पर आरोप लगाया कि चुनावी नतीजे अनुकूल नहीं आने पर चुनाव आयोग और मतदाता सूची की प्रक्रिया पर सवाल खड़े किए जा रहे हैं।
चुनावी हार के बाद SIR पर सवाल उठा रहा विपक्ष: अमित शाह
कांग्रेस को निशाने पर लेते हुए गृह मंत्री ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनावों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को इन चुनावों में हार का सामना करना पड़ा था, लेकिन उस समय SIR को लेकर इस तरह का राजनीतिक विवाद देखने को नहीं मिला।
शाह ने हरियाणा, महाराष्ट्र, दिल्ली, बिहार और असम के चुनावों का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि विपक्ष अपनी चुनावी हार का जिम्मेदार चुनाव आयोग और मतदाता सूची के पुनरीक्षण को ठहराने की कोशिश कर रहा है।
उन्होंने दावा किया कि भाजपा ने 22 अक्टूबर से 5 नवंबर तक देश के लगभग 600 जिलों में SIR के विषय पर कार्यक्रम आयोजित किए हैं, ताकि लोगों के बीच इस प्रक्रिया को लेकर जानकारी पहुंचाई जा सके।
मतदाता सूची में 10 करोड़ संदिग्ध नामों को लेकर अमित शाह का दावा
अपने भाषण में अमित शाह ने मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने दावा किया कि पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान करीब 10 करोड़ ऐसे नाम सामने आए हैं, जिनमें मृत मतदाताओं, दूसरी जगह स्थानांतरित हो चुके लोगों और एक से अधिक बार दर्ज नामों जैसी विसंगतियां शामिल हैं।
गृह मंत्री ने यह भी दावा किया कि लगभग तीन करोड़ लोग सत्यापन प्रक्रिया के दौरान उपलब्ध नहीं हुए। उन्होंने इन आंकड़ों के आधार पर विपक्ष की भूमिका पर सवाल उठाए।
शाह ने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक दल मतदाता सूची से घुसपैठियों के नाम हटाने की प्रक्रिया का विरोध कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का उद्देश्य मतदाता सूची को दुरुस्त करना और अवैध रूप से देश में रह रहे घुसपैठियों की पहचान सुनिश्चित करना है।
हालांकि, अमित शाह द्वारा बताए गए ये आंकड़े और आरोप उनके भाषण में किए गए दावे हैं।
राहुल गांधी से विशेष संसद सत्र बुलाने की मांग करने को कहा
SIR पर जारी राजनीतिक बहस के बीच अमित शाह ने राहुल गांधी को संसद में चर्चा की चुनौती दी। उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेस को इस प्रक्रिया पर कोई आपत्ति है तो उसे संसद में अपनी बात रखनी चाहिए।
शाह ने कहा कि राहुल गांधी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर संसद का विशेष सत्र बुलाने की मांग करें। भाजपा इस मुद्दे पर हर सवाल का जवाब देने के लिए तैयार है।
उन्होंने कांग्रेस के बूथ स्तर के एजेंटों की भूमिका पर भी सवाल उठाए और मतदाता सूची में उम्र तथा परिवार से संबंधित कथित विसंगतियों का जिक्र किया।
करनाल की रैली में हरियाणा के कई बड़े भाजपा नेता रहे मौजूद
हरियाणा के करनाल में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल, भाजपा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष स्मृति ईरानी और प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
अमित शाह के इस बयान के बाद SIR को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक बहस और तेज होने के संकेत हैं। अब इस मुद्दे पर कांग्रेस की प्रतिक्रिया और संसद में संभावित चर्चा पर राजनीतिक गलियारों की नजर रहेगी।




























