वृंदावन: संत प्रेमानंद महाराज से जुड़े साधक रसिक दुलारी शरण उर्फ दीपक लोधी की मौत का मामला लगातार चर्चा में है। अब घटना से पहले का एक और CCTV वीडियो सामने आया है। वीडियो में रसिक दुलारी शरण को इमारत की छत पर कुछ देर बैठे और फिर अचानक उठकर नीचे छलांग लगाते हुए देखा जा सकता है। हालांकि, वीडियो सामने आने के बावजूद उनकी मौत से पहले की पूरी परिस्थितियां अभी स्पष्ट नहीं हुई हैं। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
33 सेकंड के VIDEO में क्या दिखा?
सामने आए करीब 33 सेकंड के CCTV फुटेज में रसिक दुलारी शरण छत पर दिखाई देते हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, वह कुछ समय तक छत पर बैठे रहे और इसके बाद लेटे हुए भी नजर आए।
फुटेज में वह अचानक उठते हैं और छत की ओर बढ़ने के बाद नीचे छलांग लगा देते हैं। इसके बाद एक अन्य व्यक्ति भी छत की तरफ आता दिखाई देता है।
रिपोर्टों में बताया गया है कि छलांग लगाने से पहले रसिक दुलारी करीब 11 सेकंड तक एक जगह बैठे रहे। नए फुटेज ने मामले की जांच के दौरान कई सवाल जरूर खड़े किए हैं, लेकिन इससे मौत के पीछे की वजह अपने आप साबित नहीं होती।
मौत से पहले क्या हुआ था?
रसिक दुलारी शरण की मौत 25 सितंबर 2026 को वृंदावन के वराह घाट क्षेत्र स्थित चार मंजिला इमारत से गिरने के बाद हुई थी। पुलिस ने शुरुआती जांच में इसे छत से खुद छलांग लगाने का मामला बताया था, लेकिन घटना से पहले और बाद की परिस्थितियों की जांच जारी है।
पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना से पहले रसिक दुलारी के साथ क्या हुआ था और उनकी अंतिम गतिविधियां क्या थीं।
प्राइवेट पार्ट से जुड़ा सवाल भी जांच के घेरे में
मामले का एक अहम पहलू रसिक दुलारी के शरीर पर मिली चोटों और उनके प्राइवेट पार्ट से जुड़ी चोट है। रिपोर्टों के अनुसार, उनके कमरे से एक ग्राइंडर भी बरामद हुआ था। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि कमरे में वास्तव में क्या हुआ था और इस उपकरण का घटना से कोई संबंध था या नहीं।
हालांकि, अभी यह निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगी कि चोट कैसे लगी या इसके पीछे किसकी भूमिका थी। इन सवालों का जवाब फॉरेंसिक जांच और पुलिस की आगे की जांच से ही स्पष्ट होगा।
पुलिस खंगाल रही CCTV फुटेज
पुलिस ने मामले की जांच के दौरान CCTV फुटेज, मोबाइल और अन्य फॉरेंसिक साक्ष्यों को जांच के दायरे में रखा है। अधिकारियों की ओर से अलग-अलग पहलुओं पर जांच की जा रही है।
ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ाया है और आश्रम से जुड़े लोगों के साथ-साथ रसिक दुलारी के संपर्क में रहे लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। अमर उजाला की 2 अक्टूबर की रिपोर्ट के अनुसार, सात पुलिस टीमें जांच में लगी हैं और 50 से ज्यादा लोगों से पूछताछ की जा चुकी है।
मौत की वजह पर अभी भी सवाल
पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक जांच से जुड़े तथ्यों को भी पुलिस जांच में शामिल किया जा रहा है। रिपोर्टों में शरीर पर कई गंभीर चोटों का उल्लेख है और ब्लड सैंपल को FSL भेजे जाने की जानकारी भी सामने आई है।
फिलहाल पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि घटना की वास्तविक परिस्थितियां क्या थीं। नए CCTV वीडियो से घटना के आखिरी पलों की जानकारी जरूर मिलती है, लेकिन रसिक दुलारी शरण ने ऐसा कदम क्यों उठाया, इसका स्पष्ट जवाब अभी जांच के बाद ही सामने आएगा।


























