Home India धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने भगवान कृष्ण पर दिए बयान को लेकर मांगी...

धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने भगवान कृष्ण पर दिए बयान को लेकर मांगी माफी, बोले- मैं कृष्ण विरोधी नहीं हूं

12
0
भगवान श्रीकृष्ण पर बयान को लेकर सफाई देते बागेश्वर धाम के धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री
विवादित बयान पर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि वह भगवान श्रीकृष्ण के भक्त हैं।

भगवान श्रीकृष्ण को लेकर दिए गए अपने बयान पर विवाद बढ़ने के बाद बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने सफाई पेश की है। उन्होंने हाथ जोड़कर कहा कि उनका उद्देश्य भगवान राम और श्रीकृष्ण के बीच किसी तरह का भेद पैदा करना नहीं था। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वह स्वयं भगवान श्रीकृष्ण के भक्त हैं और यदि उनकी बातों से किसी की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं तो वह इसके लिए क्षमा मांगते हैं।

धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि कथा के दौरान उन्होंने भावुक होकर भगवान श्रीकृष्ण के प्रति उलाहना देने वाली शैली में कुछ बातें कही थीं। लेकिन उनके बयान का एक हिस्सा सामने आने के बाद उसका गलत अर्थ निकाला गया और उन्हें कृष्ण विरोधी बताकर आलोचना शुरू कर दी गई।

‘हम खुद ठाकुर जी के भक्त हैं’

अपने बयान पर सफाई देते हुए धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने कहा कि वह स्वयं बृज और ठाकुर जी के भक्त हैं। उनकी भगवान श्रीकृष्ण के प्रति गहरी आस्था है। उन्होंने बताया कि वह अपनी कथाओं में श्रीमद्भागवत का वर्णन करते हैं और भगवान कृष्ण के गुणगान भी करते हैं।

उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य भगवान राम और श्रीकृष्ण की तुलना करके किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था। कथा के दौरान इस्तेमाल किए गए शब्द एक भावपूर्ण प्रसंग और संतों की परंपरागत उलाहना शैली का हिस्सा थे।

अधूरा वीडियो देखकर शुरू हुई आलोचना: धीरेंद्र शास्त्री

धीरेंद्र शास्त्री के मुताबिक, उन्होंने एक प्रचलित संत पद की व्याख्या करते हुए भगवान राम और श्रीकृष्ण के संदर्भ में अपनी बात रखी थी। उनका कहना है कि पूरी बात सुने बिना वीडियो का कुछ हिस्सा प्रसारित किया गया, जिसके कारण लोगों ने उन्हें कृष्ण विरोधी कहना शुरू कर दिया।

उन्होंने यह भी कहा कि भगवान श्रीकृष्ण के प्रति उनकी श्रद्धा पर सवाल उठाना उचित नहीं है। वह समय-समय पर श्रीकृष्ण जन्मभूमि से जुड़े मुद्दों पर भी अपनी आवाज उठाते रहे हैं।

किस बयान पर शुरू हुआ विवाद?

दरअसल, करेरा में आयोजित कथा के दौरान धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने भगवान राम और श्रीकृष्ण की खड़े होने की मुद्रा तथा उनके स्वरूप का जिक्र करते हुए तुलना की थी। उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण की तीन जगह से मुड़ी हुई मुद्रा और बांसुरी बजाने के अंदाज का वर्णन किया, जबकि भगवान राम के सीधे स्वरूप की बात कही थी।

इसी दौरान इस्तेमाल किए गए कुछ शब्दों और हाव-भाव को लेकर सोशल मीडिया पर उनकी आलोचना होने लगी। कई लोगों ने इसे भगवान श्रीकृष्ण के प्रति अनुचित टिप्पणी माना।

‘किसी को ठेस पहुंची तो क्षमा चाहता हूं’

विवाद के बीच धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने विनम्रता दिखाते हुए कहा कि यदि उनकी व्याख्या या भाव से किसी व्यक्ति की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं तो वह हाथ जोड़कर क्षमा मांगते हैं।

उन्होंने दोहराया कि भगवान श्रीकृष्ण उनके आराध्य हैं और उन्हीं की कृपा से उनका जीवन है। उनका इरादा किसी भी देवी-देवता का अपमान करना या भक्तों की आस्था को ठेस पहुंचाना नहीं था।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here