दिल्ली के तुगलकाबाद इलाके में करीब 24 साल पहले हुई हत्या के एक मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने 35 वर्षीय कलाम अंसारी की हत्या के आरोपी फिरोज को गुरुग्राम के IMT मानेसर से गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी पिछले करीब दो साल से एक रेडीमेड कपड़ा फैक्ट्री में दर्जी के तौर पर काम कर रहा था।
यह मामला उस समय सामने आया था, जब तुगलकाबाद किले के पास DDA के जंगल में एक युवक की सड़ी-गली लाश बरामद हुई थी। जांच में सामने आया कि युवक की हत्या कथित तौर पर पत्थरों से सिर कुचलकर की गई थी।
तुगलकाबाद के जंगल में मिली थी सड़ी-गली लाश
पुलिस के मुताबिक, 18 फरवरी 2002 को तुगलकाबाद किले के पास DDA के जंगल में एक युवक की सड़ी-गली लाश मिली थी। शव पत्थरों से ढका हुआ था और उसके सिर पर गंभीर चोट के निशान थे।
जांच के बाद मृतक की पहचान पश्चिम चंपारण, बिहार निवासी कलाम अंसारी के रूप में हुई। इस मामले में ओखला इंडस्ट्रियल एरिया थाने में केस दर्ज किया गया था।
पारिवारिक रंजिश में हत्या का आरोप
पुलिस के अनुसार, हत्या के पीछे पारिवारिक विवाद और पुरानी रंजिश का एंगल सामने आया। बताया गया कि कलाम अंसारी की बहन की शादी आरोपी फिरोज के भाई साहबजान से हुई थी।
पुलिस का दावा है कि वैवाहिक विवाद के बाद साहबजान ने अंसारी के घर के सामने आत्महत्या कर ली थी। इसके बाद फिरोज को शक था कि उसके भाई की मौत के लिए अंसारी का परिवार जिम्मेदार है।
इसी कथित रंजिश के चलते उसने कलाम अंसारी को निशाना बनाया।
24 साल तक बदलता रहा ठिकाना
हत्या के बाद आरोपी कथित तौर पर बिहार लौट गया और लंबे समय तक पुलिस की गिरफ्त से बचता रहा। पुलिस के मुताबिक, उसने अपने पुराने संपर्कों से दूरी बना ली और अलग-अलग जगहों पर रहकर अपनी पहचान छिपाने की कोशिश की।
करीब ढाई दशक बाद दिल्ली क्राइम ब्रांच ने पुराने रिकॉर्ड और नए सुरागों के आधार पर मामले की जांच दोबारा तेज की।
दो महीने में 30 से ज्यादा जगहों पर छापेमारी
क्राइम ब्रांच की टीम ने आरोपी की तलाश में बिहार समेत कई जगहों पर छापेमारी की। पुलिस के मुताबिक, करीब दो महीने के दौरान 30 से ज्यादा ठिकानों पर दबिश दी गई।
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी गुरुग्राम के IMT मानेसर इलाके की एक रेडीमेड कपड़ा फैक्ट्री में काम कर रहा है।
इसके बाद पुलिस ने उसकी गतिविधियों पर नजर रखी और पहचान की पुष्टि करने के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया।
48 साल का हो चुका है आरोपी
पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तारी के समय आरोपी की उम्र करीब 48 साल है। वह शादीशुदा है और उसके चार बच्चे हैं। बताया गया है कि वह मानेसर में पिछले करीब दो साल से दर्जी के तौर पर काम कर रहा था।
फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच जारी है।

























